विदेश में अवसर पाने के लिए पीयू के स्टूडेंट ई-सनद का उठा सकेंगे लाभ
शैक्षणिक दस्तावेज़ होगे ऑनलाइन, छात्रों के सत्यापन की प्रक्रिया होगी आसान
विदेश में अवसर तलाश रहे छात्रों को डिजिटल सेवाओं में सहायता प्रदान करने और उन्हें सशक्त बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए पंजाब यूनिवर्सिटी ने आज विदेश मंत्रालय और राष्ट्रीय सूचना विज्ञान केंद्र के समन्वय से शुरू किए गए ई-सनद पोर्टल से जुड़ाव स्थापित किया।
विदेश में उच्च शिक्षा, रोजगार या प्रवास के लिए आवेदन करने वाले पीयू के छात्रों को अब पूरी तरह डिजिटल कार्यप्रणाली का लाभ मिलेगा। इससे विदेशों में उपयोग के लिए डिजिटल दस्तावेज़ों का ऑनलाइन सत्यापन आसान हो जाएगा। इस कार्यक्रम की अध्यक्षता पीयू की वाइस चांसलर प्रो. रेणु विग ने की। इस कार्यक्रम में पंजाब विश्वविद्यालय के परीक्षा नियंत्रक प्रो. जगत भूषण, जनसंपर्क निदेशक डॉ. विनीत पुनिया, सिस्टम प्रशासक ममता गुप्ता तथा पंजाब राष्ट्रीय सूचना केंद्र (एनआईसी) के उप महानिदेशक एवं राज्य सूचना अधिकारी विवेक वर्मा, आईटी निदेशक कीर्ति महाजन, आईटी निदेशक संजीव कुमार और पंजाब राज्य नोडल अधिकारी-सह-उच्च शिक्षा सहायक निदेशक डॉ. धर्मेंद्र सिंह विशेष रूप से उपस्थित रहे।
इस अवसर पर पीयू की वाइस चांसलर प्रो. रेनू विग ने कहा,'यह एकीकरण छात्र-केंद्रित सेवाओं के लिए प्रौद्योगिकी का लाभ उठाने की दिशा में एक और महत्वपूर्ण कदम है। ई-सनद प्रणाली से जुड़कर हम अपने छात्रों और पूर्व छात्रों को त्वरित और अधिक विश्वसनीय दस्तावेज़ प्रमाणीकरण सेवाओं तक पहुंच प्रदान कर पाएंगे, जो उनकी वैश्विक शैक्षणिक और व्यावसायिक आकांक्षाओं के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण हैं।'
परीक्षा नियंत्रक प्रो. जगत भूषण ने बताया कि ई-सनद पोर्टल पर पंजीकरण, दस्तावेज़ जमा करने और आवेदनों की ट्रैकिंग में उपयोगकर्ताओं की सहायता के लिए एक समर्पित सुविधा तंत्र स्थापित किया जाएगा। छात्रों और पीयू के पूर्व छात्रों को सिस्टम को आसानी से समझने में मदद करने के लिए चरण-दर-चरण उपयोगकर्ता मार्गदर्शिकाएँ, हेल्पडेस्क सहायता और जागरूकता पहल भी शुरू की जाएंगी। ई-सनद प्लेटफॉर्म के साथ इस एकीकरण से विश्वविद्यालय परिसर के छात्रों और पूर्व छात्रों को शैक्षणिक दस्तावेजों का ऑनलाइन सत्यापन और प्रमाणीकरण सुगम, सुरक्षित और समयबद्ध तरीके से प्राप्त करने में सुविधा होगी। यह पहल भारत सरकार के डिजिटल इंडिया विजन के अनुरूप है, जो सार्वजनिक सेवा वितरण में सुगम पहुंच, पारदर्शिता और दक्षता पर जोर देती है। अंतरराष्ट्रीय उद्देश्यों के लिए अपने शैक्षणिक दस्तावेजों के प्रमाणीकरण की आवश्यकता वाले छात्रों और पूर्व छात्रों को विदेश मंत्रालय की वेबसाइट के माध्यम से ई-सनद पोर्टल का उपयोग करने के लिए प्रोत्साहित किया जाता है।

