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MANREGA Dispute : मनरेगा पर गरमाई सियायत, कांग्रेस ने चंडीगढ़ से छेड़ा 'मनरेगा बचाओ संग्राम'

चंडीगढ़ में कांग्रेस की बड़ी रणनीति बैठक; भाजपा पर ग्रामीणों का हक छीनने का आरोप, राष्ट्रव्यापी आंदोलन का ऐलान

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MANREGA Dispute : महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी अधिनियम (मनरेगा) को लेकर केंद्र की भाजपा सरकार पर हमलावर कांग्रेस ने हरियाणा कांग्रेस मुख्यालय, चंडीगढ़ से ‘मनरेगा बचाओ संग्राम’ अभियान का राष्ट्रव्यापी शुभारंभ कर दिया। कांग्रेस ने साफ संकेत दिए हैं कि मनरेगा के कथित बदलावों के खिलाफ पार्टी सड़क से सदन तक संघर्ष करेगी और किसी भी सूरत में इस योजना के मूल स्वरूप से समझौता नहीं होने देगी।

यहां हुई अहम बैठक के बाद आयोजित प्रेस कांफ्रेंस में कांग्रेस के शीर्ष नेताओं ने भाजपा सरकार पर मनरेगा को कमजोर करने, ग्रामीण रोजगार छीनने और गरीब-वंचित तबकों के अधिकारों पर हमला करने के गंभीर आरोप लगाए। बैठक में हरियाणा कांग्रेस के अधिकांश वरिष्ठ नेता मौजूद रहे। पूर्व केंद्रीय मंत्री व सिरसा सांसद कुमारी सैलजा बाहर होने की वजह से बैठक में नहीं पहुंच पाईं। हालांकि राष्ट्रीय महासचिव व राज्यसभा सांसद रणदीप सिंह सुरजेवाला बैठक में मौजूद रहे।

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बैठक में हरियाणा मामलों के प्रभारी बीके हरिप्रसाद, प्रदेशाध्यक्ष राव नरेंद्र सिंह, पूर्व सीएम व नेता प्रतिपक्ष भूपेंद्र सिंह हुड्डा, राष्ट्रीय महासचिव रणदीप सिंह सुरजेवाला, रोहतक सांसद व कांग्रेस कार्यसमिति सदस्य दीपेंद्र सिंह हुड्डा, पूर्व प्रदेशाध्यक्ष चौधरी उदयभान व धर्मपाल सिंह मलिक, कार्यकारी प्रदेशाध्यक्ष - रामकिशन गुर्जर, जितेंद्र कुमार भारद्वाज व सुरेश गुप्ता, अंबाला सांसद वरुण चौधरी, सोनीपत सांसद सतपाल ब्रह्मचारी व हिसार सांसद जयप्रकाश ‘जेपी’ सहित कई वरिष्ठ नेता मौजूद रहे।

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बैठक में विधायक निर्मल सिंह, भरत भूषण बतरा, आफताब अहमद, परमवीर सिंह, मोहम्मद इजराईल, अशोक अरोड़ा, अकरम खान, विधायक चंद्रमोहन, कुलदीप वत्स, शैली चौधरी, पूजा चौधरी, गीता भुक्कल, शकुंतला खटक, सरदार जरनैल सिंह, चंद्रप्रकाश, इंदूराज नरवाल, बलवान सिंह दौलतपुरिया, बलराम दांगी, जस्सी पेटवाड़, देवेंद्र हंस, रघुबीर सिंह तेवतीया, नरेश सेलवाल व राम करण काला के अलावा रोहित चौधरी, महिला कांग्रेस अध्यक्ष सुधा भारद्वाज, मीडिया इंचार्ज संजीव भारद्वाज, सेवादल अध्यक्ष डॉ़ पूनम चौहान, एससी विभाग के चेयरमैन मनोज बागड़ी, राजीव गांधी पंचायती राज संगठन के चेयरमैन फोम लाल मुख्य रूप से उपस्थित रहे।

मनरेगा की रक्षा के लिए छेड़ेंगे संघर्ष : हरिप्रसाद

हरियाणा कांग्रेस के प्रभारी बीके हरिप्रसाद ने कहा कि वर्ष 2005 में यूपीए सरकार द्वारा लागू किया गया मनरेगा देश के सबसे ऐतिहासिक और जनकल्याणकारी कानूनों में से एक है। यह कानून हर ग्रामीण परिवार को प्रतिवर्ष कम से कम 100 दिनों के रोजगार का कानूनी अधिकार देता है। उन्होंने कहा कि मनरेगा केवल रोजगार योजना नहीं, बल्कि ग्रामीण गरीबों की जीवनरेखा है। भाजपा सरकार पिछले कुछ वर्षों से इस कानून के मूल स्वरूप को बदलने का प्रयास कर रही है, जिसे कांग्रेस किसी भी कीमत पर स्वीकार नहीं करेगी। हरिप्रसाद ने स्पष्ट किया कि पार्टी हाईकमान के निर्देशानुसार हर स्तर पर आंदोलन करेगी और मनरेगा की रक्षा के लिए व्यापक संघर्ष छेड़ा जाएगा।

ग्रामीण अर्थव्यवस्था की रीढ़ है मनरेगा : राव नरेंद्र

हरियाणा प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष राव नरेंद्र सिंह ने कहा कि मौजूदा सरकार बीते 5-6 वर्षों से लगातार मनरेगा को कमजोर करने की कोशिश कर रही है। फंड में कटौती, काम के अवसरों में कमी और भुगतान में देरी से ग्रामीणों को भारी नुकसान उठाना पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि मनरेगा सिर्फ रोजगार का साधन नहीं, बल्कि ग्रामीण अर्थव्यवस्था को संभालने और गरीब-वंचित वर्ग के जीवन स्तर को सुधारने का सशक्त औजार है। इसी उद्देश्य से कांग्रेस ने मनरेगा बचाओ संग्राम अभियान शुरू किया है। उन्होंने आंदोलन की रूपरेखा साझा करते हुए बताया कि पीसीसी स्तर पर तैयारी बैठकें होंगी, जिला स्तर पर प्रेस वार्ताएं की जाएंगी। एक दिन का उपवास और प्रतीकात्मक विरोध होगा और पंचायत और वार्ड स्तर पर जनसंपर्क व शांतिपूर्ण धरने दिए जाएंगे। जिला स्तरीय धरनों के बाद राज्य स्तरीय विधानसभा घेराव किया जाएगा तथा क्षेत्रीय स्तर पर जागरूकता रैलियां आयोजित होंगी।

गरीबों पर हमला, गंभीर होंगे परिणाम : भूपेंद्र हुड्डा

पूर्व मुख्यमंत्री एवं नेता प्रतिपक्ष भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने कहा कि मनरेगा में फंड कटौती, मजदूरी भुगतान में देरी, काम के दिनों में कमी और मनमाने प्रतिबंधों का सीधा असर गरीब, दलित, आदिवासी, महिलाएं और वंचित वर्ग झेल रहे हैं। उन्होंने कहा कि विभिन्न सरकारी रिपोर्टों के अनुसार लगभग 60 प्रतिशत से अधिक मामलों में मनरेगा मजदूरी भुगतान में देरी हो रही है। यदि यही हाल रहा तो इसके गंभीर सामाजिक और आर्थिक दुष्परिणाम सामने आएंगे। हुड्डा ने दोहराया कि मनरेगा के मूल स्वरूप से कोई समझौता नहीं होगा और कांग्रेस इसे बदलने नहीं देगी।

गरीबों की थाली से छीन रहे निवाला : सुरजेवाला

राष्ट्रीय महासचिव व सांसद रणदीप सिंह सुरजेवाला ने तीखा हमला बोलते हुए कहा कि भाजपा सरकार किसी न किसी बहाने आमजन को परेशान करने में लगी है। मनरेगा का स्वरूप बदलकर ग्रामीण, गरीब, दलित, महिला और जरूरतमंद वर्ग के मुंह से निवाला छीना जा रहा है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस ने मनरेगा को बहुत सोच-समझकर डिजाइन किया था, ताकि ग्रामीणों को उनके घर के पास रोजगार मिले और महिलाओं को काम के लिए भटकना न पड़े। भाजपा को यह मंजूर नहीं कि गरीब सम्मान के साथ दो वक्त की रोटी कमा सके। उन्होंने कहा कि कांग्रेस मनरेगा की रक्षा के लिए हर बड़े आंदोलन को तैयार है।

नाम बदलना नहीं, अधिकार छीनने की साजिश : दीपेंद्र

रोहतक सांसद दीपेंद्र सिंह हुड्डा ने कहा कि मनरेगा को कमजोर करना भाजपा की तानाशाही सोच का प्रमाण है। मुद्दा केवल नाम बदलने का नहीं, बल्कि योजना के स्वरूप में बदलाव कर गरीबों और जरूरतमंदों के अधिकार छीनने का प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने कांग्रेस कार्यकर्ताओं से अपील की कि इस अभियान को जन-आंदोलन बनाएं और गरीबों को उनका हक दिलाने की लड़ाई को मजबूती से आगे बढ़ाएं।

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