Tribune
PT
Subscribe To Print Edition About the Dainik Tribune Code Of Ethics Advertise with us Classifieds Download App
Add Tribune As Your Trusted Source
search-icon-img
Advertisement

Health Conference: पीजीआईएमईआर में जुटेंगे 700 से अधिक स्वास्थ्य विशेषज्ञ, बीमारियों से निपटने की रणनीति पर होगी चर्चा

2 से 4 अक्तूबर तक पंजाब विश्वविद्यालय में EFICon 2026, देशभर से आएंगे विशेषज्ञ

  • fb
  • twitter
  • whatsapp
  • whatsapp
Advertisement

Health Conference: बीमारियों की रोकथाम और इलाज से जुड़ी बेहतर नीतियां बनाने के लिए आंकड़ों और शोध का इस्तेमाल कैसे किया जाए, इस पर देशभर के स्वास्थ्य विशेषज्ञ चंडीगढ़ में मंथन करेंगे। पीजीआईएमईआर और पंजाब विश्वविद्यालय के सहयोग से Epidemiology Foundation of India (EFI) का सातवां वार्षिक राष्ट्रीय सम्मेलन EFICon 2026 2 से 4 अक्तूबर तक पंजाब विश्वविद्यालय के लॉ ऑडिटोरियम में होगा। सम्मेलन में 700 से अधिक स्वास्थ्य विशेषज्ञों के शामिल होने की उम्मीद है।

सम्मेलन का विषय ‘Data to Decisions for Responsive and Resilient Health Systems’ है। इसमें डॉक्टरों, स्वास्थ्य विशेषज्ञों, शोधकर्ताओं, शिक्षकों, नीति निर्माताओं, स्वास्थ्य कार्यक्रमों से जुड़े अधिकारियों और विद्यार्थियों की भागीदारी रहेगी। एम्स, आईसीएमआर, नीति आयोग, विश्व स्वास्थ्य संगठन, स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय और विभिन्न चिकित्सा संस्थानों के 150 से अधिक विशेषज्ञ भी इसमें शामिल होंगे।

Advertisement

आंकड़ों के आधार पर बेहतर फैसलों पर जोर

Advertisement

Epidemiology Foundation of India के अध्यक्ष डॉ. Umesh Kapil ने कहा कि स्वास्थ्य क्षेत्र में सही और समय पर उपलब्ध आंकड़ों का इस्तेमाल बेहतर फैसले लेने के लिए किया जाना जरूरी है। सम्मेलन में शोध और उसके नतीजों को स्वास्थ्य सेवाओं में लागू करने के तरीकों पर चर्चा होगी।

पीजीआईएमईआर के सामुदायिक चिकित्सा एवं जन स्वास्थ्य विद्यालय विभाग के प्रमुख एवं सम्मेलन के आयोजन अध्यक्ष डॉ. Arun K. Aggarwal ने कहा कि यह सम्मेलन स्वास्थ्य से जुड़ी चुनौतियों पर विशेषज्ञों को साथ बैठकर चर्चा करने और समाधान तलाशने का अवसर देगा।

आज होंगी कार्यशालाएं

सम्मेलन से पहले 1 अक्तूबर को विभिन्न कार्यशालाएं होंगी। इनमें स्वास्थ्य से जुड़े शोध के आंकड़ों का विश्लेषण, स्वास्थ्य योजनाओं में संसाधनों और समानता का बेहतर इस्तेमाल तथा तंबाकू उद्योग के प्रभाव से निपटने जैसे विषयों पर प्रशिक्षण दिया जाएगा।

सम्मेलन के दौरान पोषण, गैर-संचारी रोग, एचआईवी, टीकाकरण, वायु प्रदूषण, जलवायु परिवर्तन, डिजिटल स्वास्थ्य और संक्रामक बीमारियों की निगरानी समेत कई मुद्दों पर विशेषज्ञ चर्चा करेंगे। पीजीआईएमईआर के प्रोफेसर और सम्मेलन के आयोजन सचिव Prof. Sonu Goel ने कहा कि सम्मेलन का उद्देश्य विशेषज्ञों के अनुभव साझा कर स्वास्थ्य व्यवस्था को अधिक प्रभावी और मजबूत बनाने के लिए सहयोग बढ़ाना है।

Advertisement
×