Chandigarh AAP Protest : चंडीगढ़ में बिजली के बढ़े बिलों को लेकर AAP का प्रदर्शन, बड़े आंदोलन की चेतावनी; आप प्रतिनिधिमंडल की CPDL से बैठक
सीपीडीएल कार्यालय के बाहर आप कार्यकर्ताओं की नारेबाजी, आप नेताओं का आरोप-सरकारी हाथों में बेहतर थी बिजली व्यवस्था, अब बेवजह बढ़ाए जा रहे हैं दाम
Chandigarh AAP Protest : चंडीगढ़ में बिजली के बढ़े हुए दामों और लोगों को बिल न मिलने की समस्या को लेकर आम आदमी पार्टी (आप) ने मोर्चा खोल दिया है। बुधवार को 'आप' कार्यकर्ताओं ने सेक्टर-34 स्थित चंडीगढ़ पावर डिस्ट्रीब्यूशन लिमिटेड (CPDL) के कार्यालय के बाहर जोरदार प्रदर्शन किया और कंपनी की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े किए।
प्रदर्शनकारियों को संबोधित करते हुए 'आप' नेताओं ने कहा कि शहर में बिजली के दाम बेवजह बढ़ाए जा रहे हैं, जिससे आम जनता पर भारी आर्थिक बोझ पड़ रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि एक तरफ दाम बढ़ाए जा रहे हैं, तो दूसरी तरफ कई इलाकों में लोगों को समय पर बिजली के बिल ही नहीं मिल रहे हैं। इससे उपभोक्ताओं में भारी असमंजस और रोष है।
निजीकरण के बाद बिगड़ी व्यवस्था
पार्टी नेताओं ने स्पष्ट कहा कि जब तक शहर की बिजली व्यवस्था सरकारी हाथों के पास थी, तब तक शहरवासियों को कभी ऐसी परेशानी का सामना नहीं करना पड़ा। निजीकरण के बाद सीपीडीएल के हाथों में व्यवस्था जाने से ही लगातार समस्याएं आ रही हैं।
आम आदमी पार्टी ने चेतावनी दी है कि यदि बिजली की बढ़ी हुई दरें वापस नहीं ली गईं और लोगों की बिलिंग की समस्या का तुरंत समाधान नहीं किया गया, तो आने वाले दिनों में सीपीडीएल और प्रशासन के खिलाफ शहर स्तर पर एक बड़ा जन-आंदोलन किया जाएगा।
AAP प्रतिनिधिमंडल की CPDL से बैठक
आम आदमी पार्टी द्वारा किए गए विरोध प्रदर्शन के मद्देनजर हम बताना चाहते हैं कि पार्टी के एक प्रतिनिधिमंडल ने चंडीगढ़ यूनिट के अध्यक्ष विजय पाल सिंह के नेतृत्व में 24 मार्च, 2026 को सेक्टर 34 स्थित सीपीडीएल के कार्यालय में कंपनी के प्रबंधन से मुलाकात की। बैठक के दौरान प्रतिनिधिमंडल द्वारा उठाए गए सभी मुद्दों पर चर्चा की गई और उनका समाधान किया गया।
प्रतिनिधिमंडल को सूचित किया गया कि सीपीडीएल ने माननीय जेईआरसी के निर्देश का पालन करते हुए, बाई-मंथली बिलिंग सिस्टम से मंथली बिलिंग सायकल में बदलाव कर लिया है। दो बिलों के मुद्दे के संदर्भ में आम आदमी पार्टी प्रतिनिधिमंडल को स्पष्ट किया गया कि ये बिल खपत की दो अलग-अलग अवधियों- जनवरी और फरवरी-के लिए थे। इनमें कोई ओवरलैपिंग नहीं हुई है। टैरिफ वृद्धि के संबंध में आम आदमी पार्टी प्रतिनिधिमंडल को स्पष्ट किया गया कि सीपीडीएल एक विद्युत वितरण कंपनी है और यह बिजली दरें निर्धारित नहीं करती है। केंद्र शासित प्रदेश में बिजली दरें, जिसमें किसी भी प्रकार की वृद्धि शामिल है, जेईआरसी द्वारा तय की जाती हैं।
सीपीडीएल ने बिल वितरण प्रणाली को और मजबूत बनाया
बिलों की डिलीवरी में देरी के संबंध में, सीपीडीएल ने अपनी बिल वितरण प्रणाली को और मजबूत बनाया है। साथ ही, व्हॉट्सऐेप पर बिल प्राप्त करने के लिए एक अतिरिक्त डिजिटल प्रणाली भी विकसित की गई है। उपभोक्ताओं की समस्याओं को हल करने तथा शिकायतों के बेहतर निवारण के लिए, सीपीडीएल ने विभिन्न इलाकों में कैंप लगाने का प्रस्ताव भी रखा है, ताकि निवासियों की समस्याओं और सवालों को हल किया जा सके, उन्हें हर ज़रूरी सहायता दी जा सके।

