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Tax Revenue Rise: जीएसटी संग्रह में अगस्त में जोरदार बढ़ोतरी, 14.8 प्रतिशत उछलकर करीब दो लाख करोड़ रुपये हुआ

Tax Revenue Rise: माल एवं सेवा कर (जीएसटी) का कुल संग्रह अगस्त में सालाना आधार पर 14.8 प्रतिशत बढ़कर करीब दो लाख करोड़ रुपये हो गया। अप्रैल-जून तिमाही में शुल्क संबंधी चुनौतियों और पश्चिम एशिया संकट के बावजूद मजबूत आर्थिक...

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सांकेतिक चित्र
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Tax Revenue Rise: माल एवं सेवा कर (जीएसटी) का कुल संग्रह अगस्त में सालाना आधार पर 14.8 प्रतिशत बढ़कर करीब दो लाख करोड़ रुपये हो गया। अप्रैल-जून तिमाही में शुल्क संबंधी चुनौतियों और पश्चिम एशिया संकट के बावजूद मजबूत आर्थिक गतिविधियों तथा खपत के दम पर सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) में 7.8 प्रतिशत की वृद्धि के आधिकारिक आंकड़े जारी होने के एक दिन बाद आए अगस्त के जीएसटी संग्रह के आंकड़े साझा किए गए हैं। घरेलू लेनदेन से जीएसटी राजस्व 9.3 प्रतिशत बढ़कर 1.37 लाख करोड़ रुपये से अधिक रहा।

वहीं आयात से राजस्व 29 प्रतिशत की बढ़त के साथ 62,604 करोड़ रुपये हो गया। अगस्त में सकल माल एवं सेवा कर (जीएसटी) राजस्व 1,99,853 करोड़ रुपये रहा। कुल केंद्रीय जीएसटी संग्रह अगस्त में 38,413 करोड़ रुपये, राज्य जीएसटी संग्रह 46,316 करोड़ रुपये और एकीकृत जीएसटी संग्रह 1.15 लाख करोड़ रुपये से अधिक रहा।

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अगस्त में 'रिफंड' 68 प्रतिशत बढ़कर 31,795 करोड़ रुपये हो गया। समीक्षाधीन महीने में शुद्ध जीएसटी संग्रह 1.68 लाख करोड़ रुपये रहा जो सालाना आधार पर 8.3 प्रतिशत की वृद्धि है। ईवाई इंडिया के कर भागीदार सौरभ अग्रवाल ने कहा कि जीएसटी संग्रह भारतीय अर्थव्यवस्था की अंतर्निहित मजबूती को दर्शाता है, जिसमें लगातार बनी हुई खपत एवं अनुपालन में सुधार दिखाई देता है।

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उन्होंने कहा कि अरुणाचल प्रदेश, नगालैंड, मिजोरम, असम, छत्तीसगढ़, लद्दाख और अंडमान एवं निकोबार से संग्रह में वृद्धि भी उत्साहजनक है। यह पारंपरिक औद्योगिक केंद्रों से आगे आर्थिक गतिविधियों के विस्तार और अधिक समावेशी तथा भौगोलिक रूप से संतुलित वृद्धि का संकेत है। अग्रवाल ने कहा, '' त्योहारों के नजदीक होने से अगले कुछ महीनों में उपभोक्ता खर्च बढ़ने के कारण राजस्व संग्रह में वृद्धि होने की संभावना है।''

नांगिया ग्लोबल के कार्यकारी निदेशक-अप्रत्यक्ष कर, शिवकुमार रामजी ने कहा कि अगस्त, 2026 के आंकड़े जीएसटी 2.0 के प्रभाव की शुरुआती तस्वीर भी पेश करते हैं। सितंबर, 2025 में दरों के युक्तिकरण के बावजूद संग्रह मजबूत बना हुआ है। रामजी ने कहा, ''हालांकि, जिस तरह आयात से अधिक संग्रह और रिफंड में तेज वृद्धि से वृद्धि को समर्थन मिल रहा है, उसे देखते हुए यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि दरों का युक्तिकरण घरेलू खपत और कारोबार की मात्रा में मजबूती ला रहा है या नहीं और इसके परिणामस्वरूप राजस्व में व्यापक वृद्धि हो रही है या नहीं।''

अप्रैल-अगस्त के दौरान कुल जीएसटी राजस्व 11 प्रतिशत बढ़कर 10.43 लाख करोड़ रुपये रहा है, जो पिछले एक साल में संग्रह में निरंतरता को दर्शाता है। जीएसटी परिषद की अगली बैठक 12 सितंबर को निर्धारित है।

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