Dadi-Nani Ki Baatein : पीपल के नीचे मत बैठो, भूत पकड़ लेगा... ऐसा क्यों कहती है दादी-नानी
वैज्ञानिक भी करते हैं रात में पीपल के नीचे बैठना के लिए मना
Dadi-Nani Ki Baatein : गर्मियों की रातें, खुला आसमान, ठंडी हवा और गांव-देहात की चौपाल... ऐसे माहौल में अक्सर लोग पेड़ों के नीचे बैठकर सुकून तलाशते हैं। मगर, जब बात पीपल के पेड़ की आती है तो दादी-नानी तुरंत टोक देती हैं... “पीपल के नीचे मत बैठो। भूत पकड़ लेगा” इसके पीछे केवल अंधविश्वास नहीं बल्कि विज्ञान भी छिपा है। चलिए आपको बताते हैं कि दादी-नानी ऐसा क्यों कहती है...
पीपल में होता है देवी-देवताओं की वास
भारतीय परंपरा में पीपल के पेड़ को बेहद पवित्र माना गया है। धार्मिक मान्यता के अनुसार, पीपल में भगवान विष्णु, बुद्ध और कई देवी-देवताओं का वास होता है। यही कारण है कि पीपल की पूजा की जाती है, उसकी परिक्रमा की जाती है और उसे जीवनदायी वृक्ष माना जाता है।
अंधविश्वास और मान्यताएं
पुरानी लोककथाओं के अनुसार, शाम के बाद पीपल के पास नकारात्मक ऊर्जा या भूत-प्रेतों का वास माना जाता है इसलिए बुजर्ग रात के समय इसके पास जाने के मना करते हैं। बच्चों को रात में बाहर भटकने से रोकने और सुरक्षित रखने के लिए बुजुर्गों ने इसे भूत-प्रेत की कहानी से जोड़ दिया। यानी डर के पीछे छिपी थी सुरक्षा की समझ।
रात में पीपल के नीचे क्यों नहीं बैठना चाहिए
वैज्ञानिकों की मानें तो दिन के समय सभी हरे पौधे प्रकाश संश्लेषण की प्रक्रिया के दौरान कार्बन डाइऑक्साइड ग्रहण करते हैं और ऑक्सीजन छोड़ते हैं। पीपल का पेड़ भी दिन में भरपूर ऑक्सीजन देता है इसलिए इसे पर्यावरण के लिए बेहद उपयोगी माना जाता है। हालांकि, रात में पीपल का पेड़ ऑक्सीजन लेता है और कार्बन डाइऑक्साइड छोड़ता है, जिससे घुटन महसूस हो सकती है। साथ ही रात में पीपल के नीचे मच्छर, कीट-पतंगे और छोटे जीव भी अधिक होते हैं इसलिए इस समय इसके नीचे बैठना सही नहीं है।
डिस्केलमनर: यह लेख/खबर धार्मिक व सामाजिक मान्यता पर आधारित है। dainiktribneonline.com इस तरह की बात की पुष्टि नहीं करता है।

