अंबाला कैंटोनमेंट बोर्ड की बैठक में हंगामा

अंबाला, 4 दिसंबर (निस) अंबाला छावनी के कैंटोनमेंट कार्यालय में आज कैंटोनमेंट बोर्ड की बैठक संपन्न हुई। बैठक में सीईओ अनुज गोयल, ब्रिगेडियर वीएस सांगवान, पार्षद लक्ष्मी देवी, असीमा, बोर्ड के उपप्रधान अजय बवेजा, राजू पाली, सुरेंद्र तिवारी, वीरेंद्र गांधी, पार्षद सनी व नीलम मौजूद रहे। बैठक में आज जमकर हंगामा हुआ। बैठक के शुरू में ही पूर्व उपाध्यक्ष सुरेंद्र तिवारी ने मौजूदा उपाध्यक्ष अजय बवेजा के खिलाफ सदन में निंदा प्रस्ताव लाने के लिए कहा, जिस पर अजय बवेजा ने जमकर आपत्ति जताई। उनका कहना था कि उन्हें पूरी तरह से क्लीन चिट मिल गई है। ऐसे में उनके खिलाफ निंदा प्रस्ताव बनता ही नहीं है। उन्होंने कहा कि पहले जो वार्डबंदी हुई थी, अब फिर से वार्डबंदी की प्रक्रिया की जाए। जिस पर भाजपा पार्षदों ने आपत्ति जताई और जमकर हंगामा हुआ। जिसके चलते 1 घंटे के लिए बैठक को स्थगित कर दिया गया। लगभग 1 बजे फिर से बैठक की प्रक्रिया फिर शुरू हुई। इस बैठक में अनेक विकास कार्यों पर भी चर्चा की गई। बवेजा ने कहा कि सदन द्वारा 27 अगस्त को प्रस्ताव पारित किया गया तथा महिलाओं और एससी के लिए वार्ड रिजर्व कर दिया गया लेकिन अब यह डिफेंस मिनिस्ट्री के तरफ से आए पत्र का हवाला दे रहे हैं। उन्होंने कहा कि हर 5 साल बाद नियमित रूप से यह पत्र आता है लेकिन जब हम इस प्रक्रिया को पूरा कर चुके हैं तो हमारे लिए यह कार्य फिर से किया जाना उचित नहीं है। उन्होंने कहा कि यदि पहले पास हुए प्रस्ताव को नहीं मानना था तो उसे सदन में क्यों लाया गया। उन्होंने कहा कि अब हाउस को चाहिए कि वह अपने पुराने प्रस्ताव पर स्टैंड ले तथा अधिकारियों को पत्र लिखें। उन्होंने सीईओ पर भी आरोप लगाया कि सीईओ द्वारा विकास कार्य प्रभावित किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि भाजपा के प्रत्याशी सरकार से मिलेंगे, मंत्री अनिल विज से गुहार लगाएंगे। जरूरत पड़ी तो सामूहिक रूप से त्याग पत्र भी देंगे। उन्होंने कहा कि हर जगह विरोध रहता है लेकिन विकास कार्य कभी भी प्रभावित नहीं होने चाहिए।

भाजपा पार्षद तानाशाही नीतियों पर चल रहे हैं: तिवारी

इस मामले में जब पूर्व उपाध्यक्ष सुरेंद्र तिवारी से बातचीत की गई तो उन्होंने कहा कि भाजपा पार्षद तानाशाही नीतियां चलाना चाहते हैं। उन्होंने कहा कि अधिकारियों के साथ अपशब्द कहे जाते हैं इसलिए हम निंदा प्रस्ताव लाए हैं। तिवारी ने एक प्रश्न का उत्तर देते हुए कहा कि भाजपा पार्षद बिना किसी कारण के ही हंगामा कर रहे हैं। चुनावी प्रक्रिया के तहत ही यह सब हो रहा है लेकिन हमें ऐसा लग रहा है कि भाजपा पार्षद डरे हुए हैं।

सब से अधिक पढ़ी गई खबरें