चीन की चेतावनी बेअसर

हांगकांग में शुक्रवार को पोलीटेक्निक युनिवर्सिटी के बाहर सड़क पर बिखरी ईंटें।-रा.

हांगकांग, 15 नवंबर (एजेंसी) चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग की चेतावनी की परवाह नहीं करते हुए हांगकांग के लोकतंत्र समर्थकों ने शुक्रवार को लगातार पांचवे दिन अपनी मांगों को लेकर प्रदर्शन किया। विश्वविद्यालय परिसर प्रदर्शनकारियों का केंद्र बन गए हैं। प्रदर्शनकारियों द्वारा सड़कें जाम करने और नगरीय ट्रेन में तोड़फोड़ के बाद स्थगित सेवाओं के कारण एक बार फिर कार्यालय जाने वाले लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा। लोकतंत्र समर्थकों ने शुक्रवार को ‘मध्यान्ह भोजन आपके साथ' अभियान शुरू किया जिसमें कार्यालयों में काम करने वाले अधिकतर कर्मचारियों ने हिस्सा लिया। उन्होंने हाथ उठाकर और पांच उंगलिया दिखाकर नारे लगाए कि ‘हम हांगकांग के साथ' हैं। पांच उंगलियों का अभिप्राय पांच मांगों से है जो लोकतंत्र समर्थक कर रहे हैं। इनमें हांगकांग के नेता का स्वंतत्र चुनाव और पुलिस उत्पीड़न की स्वतंत्र जांच शामिल है। मध्य जिले में वोंग उपनाम के एक 25 वर्षीय प्रदर्शनकारी कहा, ‘जब 20 लाख लोगों ने शांतिपूर्ण मार्च निकाला तो सरकार ने कोई जवाब नहीं दिया। अब जब पुलिस अपनी ताकत का बेजा इस्तेमाल कर रही है तो सरकार..मानती है कि प्रदर्शनकारी ही समस्या हैं।' चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने गुरुवार को हांगकांग की नेता कैरी लैम और पुलिस का समर्थन किया और चेतावनी देते हुए कहा कि प्रदर्शनकारी ‘एक देश दो प्रणाली' सिद्धांत के लिए खतरा हैं जिसके तहत अर्धस्वायत्त हांगकांग में शासन होता है। उल्लेखनीय हांगकांग में गत जून महीने से लगातार प्रदर्शन हो रहे हैं। 75 लाख आबादी वाले शहर में लोग चीन के शासन के अंतर्गत लगातार कम होती आजादी का विरोध कर रहे हैं। न्याय मंत्री पर लंदन में हमला, कैरी लैम ने की निंदा हांगकांग (एजेंसी) : हांगकांग की नेता कैरी लैम ने गुरुवार को अपनी न्याय मंत्री पर ‘बर्बरतापुर्ण हमले' की निंदा की, जो लंदन में लोकतंत्र समर्थक प्रदर्शनकारियों की भीड़ से घिरी रहने के दौरान गिर गई थीं। हांगकांग की न्याय मंत्री टेरेसा चेंग को लगभग एक दर्जन नकाबपोश प्रदर्शनकारियों ने घेर लिया था, जब वह लंदन में गुरुवार रात एक कार्यक्रम में भाग लेने के लिए जा रही थीं। घटना के वीडियो में चेंग को हंगामे के दौरान फर्श पर गिरते हुए देखा जा सकता है। यह अभी स्पष्ट नहीं हुआ है कि उन्हें प्रदर्शनकारियों ने धक्का दिया था कि नहीं।

सब से अधिक पढ़ी गई खबरें

शहर

View All