कैसे खिलाएं बच्चों को सब्जि़यां

पेरेंटिंग

शिल्पा जैन सुराणा हरी सब्जियों को देखते ही बच्चे नाक-भौं सिकोड़ने लगते हैं। अधिकतर मांओं की यही समस्या होती है कि बच्चे सब्जि़यों को देखते ही खाना खाने से कतराने लगते हैं। तो ऐसा क्या करें कि वे सब्जि़यां खाने लग जाएं। छोटी उम्र से डालें आदत अक्सर यह देखा जाता है कि बच्चे जब छोटे होते हैं तो सब्जी, फ्रूट्स खाने में नखऱे करते हैं तो माताएं उन्हें सब्जी की जगह कोई और चीज़ खिला देती हैं। आप ऐसा न करें। ऐसा करने से बच्चा सब्ज़ी खाने से और कतराएगा। शुरुआत से ही उन्हें सब्ज़ी खाने की आदत डालें। आलू, भिंडी, पत्ता गोभी, मटर जैसी सब्जि़यां तो बच्चे फिर भी खा लेते हैं लेकिन पालक, चुकंदर, बीन्स, शिमला मिर्च आदि को लेकर अक्सर आनाकानी करते हैं तो याद रखें जब भी आप बच्चे का ठोस आहार शुरू करें तो उसकी प्लेट में हर सब्ज़ी को शामिल करें। इस तरह उसका टेस्ट हर सब्ज़ी को लेकर बनेगा और उसका नखरा नहीं झेलना होगा। सब्जियों से बनायें टेस्टी आइटम यदि आपके बच्चे सब्ज़ी खाने से कतराते हैं तो आप उन्हें सब्जि़यां दूसरे तरीके से भी खिला सकती हैं। मसलन आप चपाती से फ्रेंकी बना कर दें और उसमें सब्जि़यां भी डालें, इसी तरह आप दाल या खिचड़ी में भी सब्जि़यां मिक्स करके दे सकती हैं। सूप के ज़रिये भी सब्जि़यों का पोषण बच्चों में पहुंचाया जा सकता है। होममेड पिज्ज़ा सैंडविच बनायें, उसमें सब्जि़यां डालें। इसी तरह वेजीटेबल पुलाव और चीला भी बना सकती है। उदाहरण के ज़रिए समझाएं हर बच्चे का कोई न कोई आइकॉन होता है। आप उन्हें उनका उदाहरण दें। यहा तक कि कार्टून केरैक्टर का भी उदाहरण उन्हें दे सकती हैं। बातों ही बातों में उन्हें समझाएं और इसके फायदे बतायें। शुरुआत में ही यह उम्मीद न करें कि वे एक ही दिन में ढेर सारी सब्ज़ी खाने लगेंगे। पहले कम मात्रा में सब्ज़ी दें, फिर धीरे -धीरे मात्रा बढ़ायें। खुद भी बनें उनकी प्रेरणा यदि आप सब्ज़ी नहीं खाते और अपने बच्चे को कहेंगे तो यकीनन वो नहीं मानेंगे। इसीलिए उनके सामने आप उनकी प्रेरणा बनें। आप भी उनके साथ सब्ज़ी खायें और उन्हें बतायें कि सब्ज़ी खाने के कितने फायदे हैं। आप ऐसा करेंगे तो बदलाव ज़रूर आएगा। दें पुरस्कार यदि आपके बच्चे आपका कहना मानें और सभी सब्जि़यां खायें तो उन्हें पुरस्कार भी दें। इससे बच्चों का मनोबल बढ़ेगा और उन्हें लगेगा कि वो सब्जि़यां खाकर अच्छा काम कर रहे हैं। इसी के साथ सलाद को भी उनके खाने में ज़रूर शामिल करें। अलग-अलग वैरायटी के साथ बच्चे को खाना परोसें। इससे बच्चे का मन खाने में लगेगा। तो फिर देरी किस बात की, अपनाएं इन आसान सी ट्रिक्स को। बस थोड़ी सी ज़रूरत है मेहनत और समर्पण की, फिर आप नहीं कहेंगी कि मेरा बच्चा सब्ज़ी नहीं खाता।

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