Punjab Budget 2026-27: पंजाब के वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा (Harpal Singh Cheema) ने रविवार को विधानसभा में महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण के लिए राज्य के इतिहास की सबसे बड़ी योजना ‘मुख्यमंत्री मावां-धियां सत्कार योजना’ की घोषणा की।
इस योजना के तहत 18 वर्ष से अधिक उम्र की सभी वयस्क महिलाओं को हर महीने 1,000 रुपये की वित्तीय सहायता दी जाएगी। वहीं अनुसूचित जाति (SC) से संबंधित महिलाओं को 1,500 रुपये प्रति माह दिए जाएंगे। वित्त मंत्री ने बताया कि यह राशि प्रत्यक्ष लाभ अंतरण (DBT) के माध्यम से सीधे लाभार्थियों के बैंक खातों में ट्रांसफर की जाएगी। इस महत्वपूर्ण योजना के लिए बजट में 9,300 करोड़ रुपये का विशेष प्रावधान किया गया है।
इस योजना की खास बात यह है कि बुजुर्ग पेंशन, विधवा पेंशन और दिव्यांग पेंशन का लाभ लेने वाली महिलाएं भी इसके दायरे में शामिल होंगी। हालांकि, योजना से मौजूदा और पूर्व नियमित सरकारी कर्मचारी, मौजूदा और पूर्व सांसद/विधायक तथा आयकर देने वाले लोग बाहर रखे गए हैं। सरकार का कहना है कि इस योजना का उद्देश्य राज्य की महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाना और उन्हें अपनी रोजमर्रा की जरूरतों के लिए आर्थिक सहारा प्रदान करना है।
वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा ने रविवार को पंजाब का वित्त वर्ष 2026-27 का बजट पेश किया। चीमा ने वित्त वर्ष 2026-27 के लिए लगभग 2,60,437 करोड़ रुपये का बजट पेश किया।
चीमा ने इस वर्ष का बजट अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस (International Women's Day) को समर्पित किया। इस दौरान उन्होंने हाल ही में आई बाढ़ के दौरान पंजाबियों द्वारा दिखाई गई बहादुरी की भी सराहना की। ‘आप’ सरकार के इस पांचवें और आखिरी बजट में दलितों और महिलाओं पर विशेष फोकस रखा गया है। आगामी पंजाब विधानसभा चुनावों की झलक भी इस बजट में साफ दिखाई दे रही है।
वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा ने ठीक सुबह 11 बजे बजट प्रस्ताव पेश किए। इस दौरान उन्होंने बताया कि टैक्स राजस्व में 14 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई है। वहीं प्रभावी राजस्व घाटा 2.06 प्रतिशत और वित्तीय घाटा 4.08 प्रतिशत रहने का अनुमान है। हरपाल सिंह चीमा ने लगातार पांचवीं बार बजट पेश कर रहे हैं। पंजाब विधानसभा के इतिहास में यह पहली बार हुआ है कि बजट रविवार (छुट्टी के दिन) पेश किया गया। ‘आप’ सरकार ने इस बार बजट पेश करने के लिए अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस का दिन चुना।
वित्त मंत्री ने दावा किया कि मान सरकार ने पंजाब के लोगों से किया गया हर वादा पूरा कर दिया है। वर्ष 2027 की शुरुआत में होने वाले विधानसभा चुनावों से पहले पंजाब में आम आदमी पार्टी (आप) सरकार का यह आखिरी बजट है। राज्य विधानसभा में बजट पेश करते हुए चीमा ने कहा कि यह बजट पंजाब की माताओं और बेटियों को समर्पित है।
उन्होंने कहा कि यह बजट उनकी शक्ति को मान्यता देता है और समाज तथा भविष्य में उनके अमूल्य योगदान का जश्न मनाता है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार का यह पांचवां बजट शासन की यात्रा में एक निर्णायक क्षण है। उन्होंने सदन को संबोधित करते हुए पिछले साल आई विनाशकारी बाढ़ के दौरान पंजाब के लोगों द्वारा दिखाए गए साहस और लचीलेपन को भी स्वीकार किया।
उन्होंने कहा, ''जब घर पानी में डूब गए और आजीविका बाधित हो गई थी, तब पंजाब के लोगों ने उल्लेखनीय शक्ति और करुणा के साथ एक-दूसरे की मदद की।'' वित्त मंत्री ने कहा कि राज्य की जिम्मेदारी संभालने के पहले दिन से ही भगवंत सिंह मान के नेतृत्व वाली आम आदमी पार्टी सरकार ने संकल्प लिया था कि लोगों को दी गई गारंटी केवल कागज पर शब्द बनकर नहीं रहेगी।
चीमा ने कहा, ''मैं बेहद गर्व के साथ इस सम्मानित सदन के सामने खड़ा होकर कह सकता हूं कि शायद ही कभी कोई सरकार अपने कार्यकाल के पांचवें वर्ष में यह कह पाई हो कि पंजाब के लोगों से किया गया हर वादा पूरे विश्वास और भरोसे के साथ पूरा किया गया है। हमारी सरकार ने सुनिश्चित किया कि ये गारंटी केवल बयानबाजी नहीं थी, बल्कि बजटीय सहायता, संस्थागत सुधारों और मापने योग्य परिणामों द्वारा समर्थित नीतिगत हस्तक्षेप थे। इसीलिए मैं इस बजट को 'सारी गारंटियां पूरी करने वाला बजट' कह रहा हूं।''
उन्होंने कहा कि पंजाब की अर्थव्यवस्था ने पिछले एक साल में निरंतर लचीलापन और संरचनात्मक स्थिरता दिखाई है। वित्त वर्ष 2026-27 के लिए सकल राज्य घरेलू उत्पाद (जीएसडीपी) 10 प्रतिशत की अनुमानित वृद्धि दर के साथ 9,80,635 करोड़ रुपये तक पहुंचने का अनुमान है। प्रभावी राजस्व घाटा जीएसडीपी का 2.06 प्रतिशत और राजकोषीय घाटा जीएसडीपी का 4.08 प्रतिशत अनुमानित है। वित्त मंत्री ने कहा कि ये अनुमान आर्थिक वृद्धि और सार्वजनिक कल्याण के लिए लगातार समर्थन के साथ जिम्मेदार राजकोषीय प्रबंधन के हमारे संकल्प की पुष्टि करते हैं।
विधानसभा को बम से उड़ाने की धमकी, सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट
March 8, 2026 10:47 am
![]()
पंजाब का बजट पेश होने से कुछ घंटे पहले पंजाब विधानसभा को ई-मेल के जरिए बम से उड़ाने की धमकी मिली है। यह धमकी रविवार सुबह मिली, जिसके बाद सुरक्षा एजेंसियां तुरंत अलर्ट हो गईं। सूचना मिलते ही एंटी-बम स्क्वॉड की टीम विधानसभा परिसर पहुंच गई और पूरे इलाके में सघन तलाशी अभियान शुरू कर दिया गया। सुरक्षा एजेंसियां परिसर के हर हिस्से की बारीकी से जांच कर रही हैं। विधानसभा के सूत्रों के अनुसार फिलहाल सुरक्षा जांच जारी है और हालात पर नजर रखी जा रही है। हालांकि अधिकारियों का कहना है कि सुरक्षा व्यवस्था के बीच बजट सत्र निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार ही चलेगा।
विधायक मनप्रीत अयाली ने पंजाब के कर्ज की स्थिति स्पष्ट करने की मांग की
March 8, 2026 10:27 am
Punjab Budget 2026: विधायक मनप्रीत सिंह अयाली (Manpreet Singh Ayali) ने आज पंजाब विधानसभा के बाहर पत्रकारों से बातचीत करते हुए आम आदमी पार्टी सरकार के चुनावी वादों पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि ‘आप’ ने 2022 के चुनावों में महिलाओं को हर महीने 1-1 हजार रुपये देने का वादा किया था, जिसे अब चार साल के लंबे अंतराल के बाद पूरा करने की बात कही जा रही है। उन्होंने कहा कि भले ही सरकार इस वादे को पूरा करने का दावा कर रही हो, लेकिन राज्य की आर्थिक स्थिति लगातार खराब होती जा रही है। उन्होंने सवाल उठाया कि पंजाब पर लगातार बढ़ रहे कर्ज के बावजूद यह पैसा कहां से आएगा, इस बारे में सरकार को स्थिति स्पष्ट करनी चाहिए। अयाली ने राजनीतिक दलों को नसीहत देते हुए कहा कि वोट हासिल करने के लिए बड़े-बड़े ऐलान कर दिए जाते हैं, लेकिन ऐसे फैसले राज्य की वित्तीय स्थिति को ध्यान में रखकर ही किए जाने चाहिए।
‘आप’ सरकार महिलाओं को 48-48 हजार रुपये का बकाया भी दे: बाजवा
March 8, 2026 10:27 am
Punjab Budget 2026 Live: पंजाब कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और नेता प्रतिपक्ष प्रताप सिंह बाजवा (Pratap Singh Bajwa) ने कहा कि “मुंगेरी लाल के सपने दिखाने” में आम आदमी पार्टी का कोई मुकाबला नहीं है। उन्होंने आरोप लगाया कि पार्टी ने पहले भी कई बड़े-बड़े ऐलान किए, लेकिन कोई वादा पूरा नहीं किया। उन्होंने कहा कि आम आदमी पार्टी ने 2022 के विधानसभा चुनाव से पहले महिलाओं को हर महीने 1,000 रुपये देने का ऐलान किया था, लेकिन अब यह वादा अपने कार्यकाल के आखिरी साल में पूरा करने की बात की जा रही है।बाजवा ने पंजाब के वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा से सवाल किया कि इस योजना का भुगतान किस तारीख से शुरू किया जाएगा, इसका भी स्पष्ट ऐलान किया जाए। साथ ही उन्होंने मांग की कि महिलाओं के 48-48 हजार रुपये के बकाया भी जारी किए जाएं। उन्होंने यह भी कहा कि पंजाब सरकार ने राज्य की कृषि नीति लाने का भी ऐलान किया था, लेकिन चार साल बीत जाने के बाद भी अभी तक कोई कृषि नीति नहीं लाई गई। वहीं हाल ही में सरकार ने औद्योगिक नीति लागू की है, लेकिन यह कितनी कारगर साबित होगी, यह आने वाले समय में देखा जाएगा।