सनी देओल, करिश्मा ने रेलवे कोर्ट के फैसले को दी चुनौती !    मेट्रो की तारीफ पर अमिताभ के खिलाफ प्रदर्शन !    तेजस में रक्षा मंत्री की पहली उड़ान, 2 मिनट खुद उड़ाया !    अयोध्या पर चुप रहें बयान बहादुर !    पीएम के प्रति ‘अपमानजनक' शब्द राजद्रोह नहीं !    अस्त्र मिसाइल के 5 सफल परीक्षण !    एनडीआरएफ में अब महिलाएं भी !    जेल में न कुर्सी मिली, न तकिया ; कम हुआ वजन !    दिल्ली में नहीं चलीं टैक्सी, ऑटो रिक्शा !    सीएम पद के लिए चेहरा पेश नहीं करेगी कांग्रेस: कैप्टन यादव !    

फोकस › ›

खास खबर
मंदी पर महाभारत

मंदी पर महाभारत

आलोक पुराणिक मंदी है या नहीं? यह सवाल है तो आर्थिक लेकिन यह विकट राजनीतिक भी है। सरकार और उसके प्रवक्ता चाहते हैं कि इसे मंदी नहीं सुस्ती मान लिया जाये और कुल मिलाकर ऐसा मसला माना जाये, जो कुछ दिनों में ठीक हो जायेगा। दूसरी तरफ, कांग्रेस समेत तमाम विपक्षी ...

Read More

ट्रैफिक रूल्स की रेड लाइट

ट्रैफिक रूल्स की रेड लाइट

अभिषेक कुमार सिंह मुमकिन है कि कई लोगों के लिए नियम-कानून तोड़ना शान की बात हो। रसूखदार, ऊंचे संपर्कों वाले और जेब में नोटों की गड्डी लेकर चलने वालों के लिए कानून को ठेंगा दिखाना कभी मुश्किल नहीं रहा, लेकिन पहली सितंबर, 2019 से देश में लागू संशोधित नये मोटर वाहन ...

Read More

कुदरती खेती कमाल की

कुदरती खेती कमाल की

राजकिशन नैन कुदरत ने महामूल्यवान संपदा के रूप में जो चीजें हमें उपहार में दी हैं, उनमें धरती यानी माटी की महिमा सबसे ज्यादा है। धरणी धन से परिपूर्ण है, इसीलिए बड़ों ने इसे वसुंधरा कहा है। मेरी मां सवेरे खाट छोड़ते ही सबसे पहले तीन बार धरती को मैया कहकर ...

Read More

बार-बार बाढ़

बार-बार बाढ़

हरीश लखेड़ा देश का एक तिहाई से ज्यादा भू-भाग इस मानसून में बारिश के कहर से बेहाल रहा है। जुलाई और अगस्त के दौरान उत्तर से दक्षिण और पूर्व से पश्चिम तक कोई न कोई भू-भाग जल में डूबा रहा है। केरल, कर्नाटक, महाराष्ट्र, गुजरात, मध्य प्रदेश, उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश, असम, ...

Read More

दलबदल से राजबल

दलबदल से राजबल

हरीश लखेड़ा विश्व की सबसे बड़ी सियासी पार्टी होने का दावा करने वाली भारतीय जनता पार्टी का कुनबा लगातार बढ़ रहा है। यह इसलिए कि भाजपा विभिन्न राज्यों में विपक्षी दलों के नेताओं को बड़ी संख्या में अपने में शामिल कराने के अभियान में जुटी है। एक ओर पार्टी अपनी सदस्यता ...

Read More

फिर सोनिया गांधी

फिर सोनिया गांधी

हरीश लखेड़ा कांग्रेस को फिर सोनिया गांधी की शरण लेनी पड़ी है। राहुल गांधी के ‘रणछोड़ जी’ बनने के बाद संकट में आई कांग्रेस के सामने सोनिया से बेहतर कोई विकल्प भी नहीं था। इसलिए राहुल के कांग्रेस का अगला अध्यक्ष नेहरू-गांधी परिवार से बाहर के व्यक्ति को बनाने के बयान ...

Read More

आजादी का अहसास

आजादी का अहसास

अनूप भटनागर हिन्दू समाज में व्याप्त सती प्रथा, देवदासी प्रथा और बाल विवाह जैसी कुरीतियों पर अंकुश लगाने के लिये कानून बनाने के बाद देश की संसद ने मुस्लिम समाज के सुन्नी समुदाय के एक वर्ग में प्रचलित एक बार में तीन तलाक देने की कुप्रथा को अब दंडनीय अपराध बनाकर ...

Read More


  • मंदी पर महाभारत
     Posted On September - 16 - 2019
    मंदी है या नहीं? यह सवाल है तो आर्थिक लेकिन यह विकट राजनीतिक भी है। सरकार और उसके प्रवक्ता चाहते....
  • ट्रैफिक रूल्स की रेड लाइट
     Posted On September - 9 - 2019
    मुमकिन है कि कई लोगों के लिए नियम-कानून तोड़ना शान की बात हो। रसूखदार, ऊंचे संपर्कों वाले और जेब में....
  • कुदरती खेती कमाल की
     Posted On September - 2 - 2019
    कुदरत ने महामूल्यवान संपदा के रूप में जो चीजें हमें उपहार में दी हैं, उनमें धरती यानी माटी की महिमा....
  • बार-बार बाढ़
     Posted On August - 26 - 2019
    देश का एक तिहाई से ज्यादा भू-भाग इस मानसून में बारिश के कहर से बेहाल रहा है। जुलाई और अगस्त....

गुम न जायें गणतंत्र के गुण

Posted On January - 25 - 2019 Comments Off on गुम न जायें गणतंत्र के गुण
जब हम ‘भारत के लोग’ अपने देश का गणतंत्र दिवस मनाने जा रहे हैं, बाबा नागार्जुन की प्रसिद्ध कविता का वह सवाल पहले से ज्यादा प्रासंगिक हो गया है, जिसमें पहले वे पूछते हैं- ‘किसकी है जनवरी, किसका अगस्त है’, फिर अपने सवाल को ‘कौन यहां त्रस्त है, कौन पस्त और कौन मस्त’ तक ले जाते हैं। ....

बदले-बदले माननीय

Posted On January - 18 - 2019 Comments Off on बदले-बदले माननीय
लोकतंत्र का असली परीक्षण किसी भी व्यक्ति की इस क्षमता में है कि वह वही काम करे, जिसकी वह दूसरों से उम्मीद करता है। यह शब्द उन राष्ट्रपिता महात्मा गांधी के हैं, जिनकी विशाल प्रतिमा संसद भवन परिसर में लगी है और संसद सत्र के दौरान विपक्षी दल आए दिन सरकार के प्रति रोष प्रकट करते रहते हैं। गांधीजी चाहते थे कि जनप्रतिनिधि समाजसेवक की ....

युवाओं का हक

Posted On January - 11 - 2019 Comments Off on युवाओं का हक
देश के 25 करोड़ किशोरों-युवाओं के लिए एक बड़े प्रयास की शुरुआत हो गई है। दुनिया में सबसे ज्यादा किशोर भारत में हैं। संयुक्त राष्ट्र संघ ने दुनियाभर के किशोरों को शिक्षा, स्वास्थ्य और रोजगार दिलाने का आह्वान किया है और भारत उसका हिस्सा बना है। ....

कोहरे का कहर

Posted On January - 3 - 2019 Comments Off on कोहरे का कहर
नये साल के आगाज के साथ कोहरा भी लौट आया। नमी, मौसम में आई ठंडक, वाहनों से निकले धुएं और कचरा जलाने से हुए प्रदूषण ने मिलकर ऐसा कुचक्र रच दिया है कि कोहरा हमारी दौड़ती-भागती जिंदगी में बड़ी रुकावट बन गया है। सबसे ज्यादा कहर सड़कों पर दौड़ते वाहनों, ट्रेनों और हवाई उड़ानों पर टूट रहा है। ....

कर्ज माफी नाकाफी

Posted On December - 21 - 2018 Comments Off on कर्ज माफी नाकाफी
देश में कर्ज माफी की राजनीति नयी नहीं है, लेकिन यह किसानों के दुख-दर्द के स्थायी इलाज के बिना तात्कालिक दवा देने जैसी है। कर्ज माफी के इंजेक्शन के परिणाम फौरन आते हैं। छत्तीसगढ़ में करीब 61 हजार करोड़ रुपये के किसान कर्ज माफ होने की घोषणा की गई है। मध्यप्रदेश में करीब 38 हजार करोड़ रुपये के कर्ज माफ होने की बात है। राजस्थान ....

मेयर की चेयर

Posted On December - 13 - 2018 Comments Off on मेयर की चेयर
पांच राज्यों के चुनावी नतीजे क्या आए, हरियाणा की राजनीति पूरी तरह से बदल गई। हिंदीभाषी मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़ और राजस्थान में कांग्रेस की वापसी से स्थानीय कांग्रेसियों के हौसले बुलंद हो गए हैं। सत्तारूढ़ भाजपा के नेताओं के माथे पर चिंता की लकीरें साफ दिख रही हैं। सबसे बड़ी चुनौती 5 नगर निगमों के चुनाव को लेकर है। मनोहर लाल खट्टर के नेतृत्व वाली ....

दिल्ली का सेमीफाइनल

Posted On December - 6 - 2018 Comments Off on दिल्ली का सेमीफाइनल
लोकसभा चुनाव के सेमीफाइनल माने जा रहे 5 राज्यों मध्य प्रदेश, राजस्थान, छत्तीसगढ़, तेलंगाना और मिजोरम के विधानसभा चुनाव प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी के लिए भी अहम हैं, क्योंकि इन चुनावों में जिसकी भी पार्टी फतह करेगी, उसके लिए रायसीना हिल्स पहुंचने की राह आसान होती दिखेगी। ....

दूध की ‘सेहत’ खराब

Posted On November - 29 - 2018 Comments Off on दूध की ‘सेहत’ खराब
इसमें कोई शक नहीं कि दूध पूरा इंडिया पीता है। इसका ब्रांड कौन-सा है? इसे दूधवाला (मिल्कमैन) लाता है या बूथों से इसकी सप्लाई घरों तक होती है, इससे ज्यादा फर्क नहीं पड़ता। जिस देश में दूध, दही और घी की नदियां बहने की कल्पना की गई उसका दूध उत्पादन में नंबर वन होना स्वाभाविक है। ....

केएमपी-केजीपी एक्सप्रेस-वे फर्राटे का सफर

Posted On November - 22 - 2018 Comments Off on केएमपी-केजीपी एक्सप्रेस-वे फर्राटे का सफर
केंद्र सरकार का ड्रीम प्रोजेक्ट कुंडली-गाजियाबाद पलवल (केजीपी) और कुंडली-मानेसर-पलवल (केएमपी) एक्सप्रेस-वे फर्राटा भरने के लिए तैयार है। यह दिल्ली समेत एनसीआर के शहरों का एक वैकल्पिक आउटर बाइसपास है। जितना रोमांचित करने वाला इन एक्सप्रैस-वे का सफर होगा, उससे कहीं अधिक रोचक इनके निर्माण की कहानी है। ....

कुर्बानी का प्रतीक सुर्ख पॉपी

Posted On November - 15 - 2018 Comments Off on कुर्बानी का प्रतीक सुर्ख पॉपी
इस साल प्रथम विश्व युद्ध खत्म होने के सौ साल और ब्रिटेन का ‘यादगार’ रविवार एक ही दिन थे। ब्रिटेन और राष्ट्रमंडल देशों में ‘यादगार’ रविवार दो विश्व युद्धों और बाद के संघर्षों में ब्रिटिश व राष्ट्रमंडल के सैनिकों व महिलाओं के योगदान की याद में जश्न मनाने के लिए मनाया जाता है। ....

जरा याद उन्हें भी कर लो…

Posted On November - 15 - 2018 Comments Off on जरा याद उन्हें भी कर लो…
अच्छे युद्ध जैसा कभी कुछ नहीं रहा। प्रथम विश्व युद्ध के लिपिबद्ध इतिहास के मुताबिक अकेले भारत से 78,187 सैनिक हताहत और 67,000 जख्मी हुए थे। तथापि इस वीभत्स नरसंहार की याद मानव के मानसपटल से महज 21 सालों में मिट गई और द्वितीय विश्व युद्ध के रूप में एक और महाविनाश शुरू हो गया था, जिसकी परिणति हिरोशिमा और नागासाकी में हुए परमाणु हमले ....

अरावली पर आफत

Posted On November - 8 - 2018 Comments Off on अरावली पर आफत
संयुक्त राष्ट्र के जलवायु पैनल की नयी रिपोर्ट ने भारत को आगाह किया है कि पर्यावरण बचाने की सबसे विकट चुनौती उसी के सामने है, लेकिन हम अब भी अपने परिवेश को खुद नष्ट करने का आत्मघाती अपराध जारी रखे हुए हैं| हिमालय क्षेत्र में विनाशकारी चार धाम योजना के लिए हजारों पेड़ काटने और बारूदी सुरंगें लगाकर पहाड़ों को खंड-खंड करने पर सुप्रीमकोर्ट को ....

जांच करने वालों पर आंच

Posted On November - 1 - 2018 Comments Off on जांच करने वालों पर आंच
सीबीआई का विवादों से पुराना नाता रहा है, कभी जांच के नाम पर तो कभी राजनैतिक लाभ के नाम पर इस जांच एजेंसी को इस्तेमाल करने के आरोप लगते रहे हैं, लेकिन ऐसा पहली बार हुआ है कि एजेंसी के दो शीर्ष अधिकारी भ्रष्टाचार को लेकर एक-दूसरे पर ही आरोप मढ़ रहे हैं। ....

चुनावी साल की चुनौतियां

Posted On October - 25 - 2018 Comments Off on चुनावी साल की चुनौतियां
जनता पार्टी की सरकार को 4 साल पूरे हो गए हैं। इन 4 वर्षाें में सरकार ने कई सराहनीय काम किए तो कुछ फैसलों को लेकर विवादों में भी रही। बरवाला में बवाल, जाट आंदोलन, पंचकूला में डेरा समर्थकों की हिंसा ने प्रदेश को हिलाकर रख दिया। ....

इन 10 रावणों को कहिए ‘ना’

Posted On October - 18 - 2018 Comments Off on इन 10 रावणों को कहिए ‘ना’
अद्भुत मुल्क है, अभी एक नजारा देखा। गणेशजी पीपल के पेड़ के नीचे उदास बैठे हुए थे, कोई भक्त छोड़ गया था। गणेशोत्सव के दौरान पूजा की गणेशजी की, फिर भक्त को आलस आ गया, कौन जाये विसर्जित करने, यहीं पीपल के पेड़ के नीचे छोड़ दो। गणेशजी अकेले पड़े हैं पीपल के पेड़ के नीचे। ....

दोस्ती की डील

Posted On October - 12 - 2018 Comments Off on दोस्ती की डील
एस-400 सबसे बड़ी डील थी, जो चुपचाप हुई। 5 अक्तूबर को भारत-रूस शिखर बैठक के बाद पुतिन और मोदी की साझा प्रेस कांफ्रेस में इस सौदे की चर्चा तक नहीं हुई। पत्रकार ढूंढ़ते रहे, एमओयू में एस-400 है कहां? आधे घंटे बाद जब हार्ड काॅपी मिली तो 53वें नंबर पर एस-400 दिखा। 5 अरब 40 करोड़ डाॅलर का सौदा खुदरा खाते में यूं पड़ा दिखा, ....
Powered by : Mediology Software Pvt Ltd.