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खास खबर
चांद पर 50 साल

चांद पर 50 साल

अभिषेक कुमार सिंह एक इंसान की जिंदगी में 50 साल का मतलब क्या होता है? 100 साल की उम्र के वैदिक आख्यानों को सही मानें तो यह आधी जिंदगी पार होने का मामला बनता है। लेकिन बात अगर किसी अंतरिक्षीय पिंड की खोज की हो तो यह एक दिलचस्प किस्से में ...

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जागरूकता और सरकार की गंभीरता से मिलेंगे अच्छे परिणाम

जागरूकता और सरकार की गंभीरता से मिलेंगे अच्छे परिणाम

आफत बनती  आबादी योगेश कुमार गोयल भारत में वर्ष 1951 से जनसंख्या नियंत्रण के लिए परिवार नियोजन कार्यक्रम चल रहे हैं, लेकिन इसके बावजूद हम जनसंख्या पर नियंत्रण पाने के मामले में अन्य देशों के मुकाबले फिसड्डी साबित हुए हैं। हर साल विश्व जनसंख्या दिवस पर भारत में भी लंबे-चौड़े आश्वासनों का ...

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गरीबी, भुखमरी, शिक्षा और स्वास्थ्य सबसे बड़ी चुनौती

गरीबी, भुखमरी, शिक्षा और स्वास्थ्य सबसे बड़ी चुनौती

आफत बनती  आबादी ज्ञानेन्द्र रावत आज बढ़ती आबादी का विकराल संकट समूची दुनिया के लिए चुनौती है। बढ़ती आबादी सीमित संसाधनों पर बोझ बनती जा रही है। 1987 में दुनिया की आबादी 5 अरब थी। 2018 में यह बढ़कर 7.8 अरब हो गई। इसमें हर साल अस्सी लाख की दर से बढ़ोतरी ...

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व्यवसायीकरण रोकना होगा और परंपरागत जल-स्रोत बचाने होंगे

व्यवसायीकरण रोकना होगा और परंपरागत जल-स्रोत बचाने होंगे

वीणा भाटिया पृथ्वी की सतह का 70 फीसदी भाग पानी से भरा है। लेकिन इसमें से सिर्फ 2 फीसदी ही हमारे उपयोग के लायक है। काफी जल बर्फ के रूप में जमा हुआ है। नदियों, तालाबों और झरनों से मिलने वाला जल महज एक प्रतिशत है। लगातार बढ़ते प्रदूषण के कारण ...

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बड़े संकट की आहट, अब नहीं चेते तो बहुत देर हो जाएगी

बड़े संकट की आहट, अब नहीं चेते तो बहुत देर हो जाएगी

कृष्ण प्रताप सिंह पिछले साल इन्हीं दिनों हिमाचल प्रदेश की राजधानी शिमला का भीषण जल-संकट से सामना हुआ। इसके चलते वहां प्रस्तावित अंतर्राष्ट्रीय ग्रीष्मोत्सव स्थगित करना पड़ा। पर्यटकों से वहां न जाने की अपीलें की गईं। कई राज्यों में इस बार भी पेयजल को लेकर ऐसे ही हालात हैं। जानकारों ने ...

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बजट उम्मीदों को मंदी की चुनौती

बजट उम्मीदों को मंदी की चुनौती

आलोक पुराणिक केंद्रीय वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण 5 जुलाई को वित्त वर्ष 2019-20 के लिए पूर्ण बजट पेश करेंगी। फरवरी में तत्कालीन वित्त मंत्री पीयूष गोयल 2019-20 के लिए अंतरिम बजट पेश कर चुके हैं, अब नये सिरे से बजट के गुणा-गणित तय होंगे। इस साल एक जून से 27 जून के ...

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सोशल मीडिया जरा बचके

सोशल मीडिया जरा बचके

रेशू वर्मा कुछ समय पहले सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल हुआ था, जिसमें एक महिला उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को शादी का प्रस्ताव भेजने की बात कर रही थी। इस वीडियो को एक स्वतंत्र पत्रकार प्रशांत कनौजिया ने अपने ट्विटर अकाउंट पर पोस्ट करते हुए योगी आदित्यनाथ का ...

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‘माननीयों’ का मर्ज

Posted On February - 22 - 2019 Comments Off on ‘माननीयों’ का मर्ज
हरियाणा को सेहतमंद और तंदरुस्ती वाले प्रदेशों में गिना जाता है, लेकिन उसी हरियाणा के लोग ‘माननीय’ विधायक बनने के बाद ‘बीमार’ हो रहे हैं। विधायक ही नहीं, उनके जीवनसाथी भी बीमार रहे हैं। ‘बीमारी’ भी ऐसी कि लगभग हर माह उन्हें हजारों रुपये की दवा खानी पड़ रही है। ....

जानलेवा जाम

Posted On February - 15 - 2019 Comments Off on जानलेवा जाम
सुरा प्रेम में भारत का दर्जा दुनिया के अन्य कई देशों से बहुत ऊपर है। विश्व में हमारा खुशहाली सूचकांक गिर रहा है तो शराब की खपत के मामले में तेजी से आगे बढ़ रहा है। 2005 से 2016 के बीच यह खपत दोगुनी हो चुकी है। मनोवैज्ञानिक विश्लेषण बताता है कि आनंद-प्रमोद के व्यसन का रूप ले लेने से व्यक्ति को मानसिक तनाव, असंतोष ....

सरकार का सियासी कदम

Posted On February - 8 - 2019 Comments Off on सरकार का सियासी कदम
पूर्वोत्तर राज्यों और बंगाल के लिए नागरिकता संशोधन विधेयक एक बड़ा राजनीतिक-सामाजिक मुद्दा बन गया है। भाजपा को इस विधेयक में अपना बड़ा सियासी फायदा दिखाई दे रहा है, जबकि राजनीतिक पर्यवेक्षक केंद्र सरकार की इस पहल को पूरी तरह संविधान की मूल भावना और चरित्र के विरुद्ध ठहरा रहे हैं। ....

नागरिकता संशोधन विधेयक : बिल पर बवाल

Posted On February - 8 - 2019 Comments Off on नागरिकता संशोधन विधेयक : बिल पर बवाल
असम और त्रिपुरा सहित पूर्वोत्तर के कई राज्यों में गैरकानूनी तरीके से आये बांग्लादेशी घुसपैठियों की समस्या कई दशकों से राजनीतिक मुद्दा रही है। इन राज्यों में अवैध तरीके से रहने वाले इन विदेशी घुसपैठियों को पहचान कर बाहर निकालने की मांग भी होती रही है, क्योंकि स्थानीय लोगों का आरोप है कि इनकी बड़ी संख्या की वजह से यहां के जातीय समीकरण बिगड़ गये ....

राजनीति में फलता-फूलता परिवारवाद

Posted On February - 1 - 2019 Comments Off on राजनीति में फलता-फूलता परिवारवाद
परिवारवाद के खिलाफ पहले जो तीखे सुर सुनाई देते थे, अब प्रियंका गांधी के राजनीति में प्रवेश करने पर नहीं सुनाई दिए। कारण साफ है कि आज कश्मीर से कन्या कुमारी तक लगभग ज्यादातर दलों व सभी राज्यों में परिवारवाद गहरी जड़ें जमा चुका है। अभी वामदल ही इससे अछूते हैैं। ....

प्रियंका की परीक्षा

Posted On February - 1 - 2019 Comments Off on प्रियंका की परीक्षा
वे इंदिरा गांधी की तरह दिखती हैं। उनका चेहरा-मोहरा इंदिरा गांधी से काफी मिलता-जुलता है। बालों का स्टाइल भी लगभग वैसा ही है। आमतौर पर आधुनिक परिधान में रहने वाली प्रियंका वाड्रा को सामाजिक व राजनीतिक कार्यक्रमों में साड़ी में देखा जाता है। ....

संविधान की कसौटी पर कितना खरा तंत्र

Posted On January - 25 - 2019 Comments Off on संविधान की कसौटी पर कितना खरा तंत्र
भारत का संविधान हर व्यक्ति को रोजी-रोटी व कपड़े का भरोसा देता है, संविधान हर व्यक्ति को उसकी मर्यादा को बनाए रखने और अपनी बात कहने की पूर्ण आजादी प्रदान करता है। संविधान हर देशवासी को बिना किसी लैंगिक, जातीय, सामुदायिक व सांप्रदायिक भेदभाव के गुजर-बसर करने का पूरा अधिकार देता है। ....

गुम न जायें गणतंत्र के गुण

Posted On January - 25 - 2019 Comments Off on गुम न जायें गणतंत्र के गुण
जब हम ‘भारत के लोग’ अपने देश का गणतंत्र दिवस मनाने जा रहे हैं, बाबा नागार्जुन की प्रसिद्ध कविता का वह सवाल पहले से ज्यादा प्रासंगिक हो गया है, जिसमें पहले वे पूछते हैं- ‘किसकी है जनवरी, किसका अगस्त है’, फिर अपने सवाल को ‘कौन यहां त्रस्त है, कौन पस्त और कौन मस्त’ तक ले जाते हैं। ....

बदले-बदले माननीय

Posted On January - 18 - 2019 Comments Off on बदले-बदले माननीय
लोकतंत्र का असली परीक्षण किसी भी व्यक्ति की इस क्षमता में है कि वह वही काम करे, जिसकी वह दूसरों से उम्मीद करता है। यह शब्द उन राष्ट्रपिता महात्मा गांधी के हैं, जिनकी विशाल प्रतिमा संसद भवन परिसर में लगी है और संसद सत्र के दौरान विपक्षी दल आए दिन सरकार के प्रति रोष प्रकट करते रहते हैं। गांधीजी चाहते थे कि जनप्रतिनिधि समाजसेवक की ....

युवाओं का हक

Posted On January - 11 - 2019 Comments Off on युवाओं का हक
देश के 25 करोड़ किशोरों-युवाओं के लिए एक बड़े प्रयास की शुरुआत हो गई है। दुनिया में सबसे ज्यादा किशोर भारत में हैं। संयुक्त राष्ट्र संघ ने दुनियाभर के किशोरों को शिक्षा, स्वास्थ्य और रोजगार दिलाने का आह्वान किया है और भारत उसका हिस्सा बना है। ....

कोहरे का कहर

Posted On January - 3 - 2019 Comments Off on कोहरे का कहर
नये साल के आगाज के साथ कोहरा भी लौट आया। नमी, मौसम में आई ठंडक, वाहनों से निकले धुएं और कचरा जलाने से हुए प्रदूषण ने मिलकर ऐसा कुचक्र रच दिया है कि कोहरा हमारी दौड़ती-भागती जिंदगी में बड़ी रुकावट बन गया है। सबसे ज्यादा कहर सड़कों पर दौड़ते वाहनों, ट्रेनों और हवाई उड़ानों पर टूट रहा है। ....

कर्ज माफी नाकाफी

Posted On December - 21 - 2018 Comments Off on कर्ज माफी नाकाफी
देश में कर्ज माफी की राजनीति नयी नहीं है, लेकिन यह किसानों के दुख-दर्द के स्थायी इलाज के बिना तात्कालिक दवा देने जैसी है। कर्ज माफी के इंजेक्शन के परिणाम फौरन आते हैं। छत्तीसगढ़ में करीब 61 हजार करोड़ रुपये के किसान कर्ज माफ होने की घोषणा की गई है। मध्यप्रदेश में करीब 38 हजार करोड़ रुपये के कर्ज माफ होने की बात है। राजस्थान ....

मेयर की चेयर

Posted On December - 13 - 2018 Comments Off on मेयर की चेयर
पांच राज्यों के चुनावी नतीजे क्या आए, हरियाणा की राजनीति पूरी तरह से बदल गई। हिंदीभाषी मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़ और राजस्थान में कांग्रेस की वापसी से स्थानीय कांग्रेसियों के हौसले बुलंद हो गए हैं। सत्तारूढ़ भाजपा के नेताओं के माथे पर चिंता की लकीरें साफ दिख रही हैं। सबसे बड़ी चुनौती 5 नगर निगमों के चुनाव को लेकर है। मनोहर लाल खट्टर के नेतृत्व वाली ....

दिल्ली का सेमीफाइनल

Posted On December - 6 - 2018 Comments Off on दिल्ली का सेमीफाइनल
लोकसभा चुनाव के सेमीफाइनल माने जा रहे 5 राज्यों मध्य प्रदेश, राजस्थान, छत्तीसगढ़, तेलंगाना और मिजोरम के विधानसभा चुनाव प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी के लिए भी अहम हैं, क्योंकि इन चुनावों में जिसकी भी पार्टी फतह करेगी, उसके लिए रायसीना हिल्स पहुंचने की राह आसान होती दिखेगी। ....

दूध की ‘सेहत’ खराब

Posted On November - 29 - 2018 Comments Off on दूध की ‘सेहत’ खराब
इसमें कोई शक नहीं कि दूध पूरा इंडिया पीता है। इसका ब्रांड कौन-सा है? इसे दूधवाला (मिल्कमैन) लाता है या बूथों से इसकी सप्लाई घरों तक होती है, इससे ज्यादा फर्क नहीं पड़ता। जिस देश में दूध, दही और घी की नदियां बहने की कल्पना की गई उसका दूध उत्पादन में नंबर वन होना स्वाभाविक है। ....

केएमपी-केजीपी एक्सप्रेस-वे फर्राटे का सफर

Posted On November - 22 - 2018 Comments Off on केएमपी-केजीपी एक्सप्रेस-वे फर्राटे का सफर
केंद्र सरकार का ड्रीम प्रोजेक्ट कुंडली-गाजियाबाद पलवल (केजीपी) और कुंडली-मानेसर-पलवल (केएमपी) एक्सप्रेस-वे फर्राटा भरने के लिए तैयार है। यह दिल्ली समेत एनसीआर के शहरों का एक वैकल्पिक आउटर बाइसपास है। जितना रोमांचित करने वाला इन एक्सप्रैस-वे का सफर होगा, उससे कहीं अधिक रोचक इनके निर्माण की कहानी है। ....
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