अभी नहीं बताया-परिवार से कब मिलेंगे अंतिम बार !    भाजपा को सत्ता से बाहर चाहते थे अल्पसंख्यक : पवार !    सीएए समर्थक जुलूस पर पथराव, हिंसा !    टेरर फंडिंग : पाक के प्रयासों को चीन ने सराहा !    177 हथियारों के साथ 644 उग्रवादियों का आत्मसमर्पण !    चुनाव को कपिल मिश्र ने बताया भारत-पाक मुकाबला !    रोहिंग्या का जनसंहार रोके म्यांमार : आईसीजे !    डेमोक्रेट्स ने राष्ट्रपति ट्रम्प के खिलाफ रखा पक्ष !    आईएस से जुड़े होने के आरोप में 3 गिरफ्तार !    आग बुझाने में जुटा विमान क्रैश, 3 की मौत !    

मूंगफली खाइए, रोग भगाइए

Posted On December - 1 - 2019

कृष्णलता यादव

मूंगफली को अक्सर ‘गरीबों का बादाम’ कहा जाता है, कारण-यह विटामिन, प्रोटीन से भरपूर, वसा व ऊर्जा का अच्छा स्रोत है वहीं बालों की चमक बढ़ाने, रक्त संचार ठीक रखने, त्वचा की नमी बरकरार रखने और स्मरण शक्ति बढ़ाने में सहायक है। गर्म तासीर के कारण इसका प्रयोग सर्दी के मौसम में अधिक किया जाता है। एक दिन में एक मुट्ठी मूंगफली दाना पर्याप्त होता है जब कि बॉडी बिल्डर्स दो मुट्ठी दानों का प्रयोग कर सकते हैं। आइए, जानते हैं इसके विभिन्न व्यंजन बनाने की विधियां।

मूंगफली का हलवा
सामग्री : मूंगफली के भुने हुए, छिलकारहित दाने आधा कप, सूजी आधा कप, पानी दो कप, घी आवश्यकतानुसार, चीनी एक कप, सूखे मेवे स्वादानुसार।
विधि : मूंगफली के दानों में चौथाई कप पानी मिलाकर पीसकर पेस्ट बना लें। पैन में सूजी व घी डालकर सूजी को सुनहरा होने तक भूनें और इसे एक अलग प्लेट में निकाल लें। अब पैन में दो चम्मच घी डालकर मूंगफली के पेस्ट को सुनहरा होने तक भूनें। पेस्ट भली प्रकार भुन जाने पर उसमें भुनी हुई सूजी मिलाएं। अच्छी तरह मिक्स होने पर उबला हुआ पानी तथा चीनी डालकर तब तक चलाते रहें जब तक वह गाढ़ा होकर कड़ाही न छोड़ दे। सूखे मेवों को बारीक काटकर हलवे में मिला दें। ऊपर से एक-दो चम्मच घी डालें। हलवे को काजू-बादाम से गार्निश कर सर्व करें।

मसाला मूंगफली
सामग्री : 250 ग्राम कच्ची मूंगफली, बेसन एक-तिहाई कप, तलने के लिए तेल, आधा-आधा चम्मच लाल मिर्च पाउडर, चाट मसाला या अमचूर तथा प्याज-लहसुन पाउडर, गर्म मसाला व हल्दी पाउडर, प्रत्येक एक-चौथाई चम्मच, चुटकी भर बेकिंग सोडा तथा नमक स्वादानुसार।
विधि : मूंगफली के दानों को धोकर पानी निकाल दें। एक प्याले में बेसन को गुठलियां खत्म होने तक घोलते रहें। एक अन्य बर्तन में ऊपरलिखित सभी मसाले डालकर मिला लें और मसाला कोटिंग के लिए उसमें मूंगफली दाना डाल दें। मसाला दानों पर लिपट जाएगा। यदि मसाले की कोटिंग में कुछ कमी रहती है तो हाथ में पानी लेकर मसाले पर हल्का छिड़काव कर दोबारा कोटिंग करें और 15-20 मिनट के लिए रख दें। अब इन्हें बेसन के घोल में डाल दें। एक पैन में तेल डालकर मध्यम आंच पर मूंगफली के दानों को डीप फ्राई करें। ऐसा करते समय तेल में झाग उठेंगे परन्तु लगातार चलाते रहने पर ये खत्म हो जाएंगे। फ्राई हो जाने पर दानों को छलनी में निकाल दें, अतिरिक्त तेल निकल जाएगा। चटपटी, कुरकरी, स्वादिष्ट मूंगफली तैयार है। इसका प्रयोग लम्बे समय तक किया जा सकता है।

पपीता जैम
सामग्री : पपीता जेम,1 कच्चा पपीता, 150 ग्राम चीनी, 5 बादाम (कटे हुए ), 5 हरी इलायची (पिसी हुई), 1 चुटकी नमक।
विधि : कच्चे पपीते को छील कर कद्दूकस कर लें। इसमें एक चुटकी नमक डालकर प्रेशर कुकर में आधा कप पानी डालकर कर गैस पर चढ़ा दें। एक सीटी आने पर उतार लें और छलनी में पलट दें। अब एक भगोने में एक कप पानी में 150 ग्राम चीनी मिला कर पकने के लिए गैस पर रख दें। कुछ देर उबल जाने पर इसमें उबाला हुआ पपीता मिला दें। अब इसे लगातार चलाती रहें। मिश्रण गाढ़ा होने लगे तब इसमें पिसी हुई इलायची पाउडर मिला कर हिलाएं। अब गैस बंद कर दें। इसे थोड़ा ठंडा होने पर कटे बादाम डालें और कांच के जार में भर कर फ्रिज में रख दें। ये बेहद स्वादिष्ट और सेहत के लिए अच्छा होता है। इससे पाचनशक्ति बढ़ती है। इसे ब्रेड एवं रोटी या परांठे से खाया जा सकता है।


Comments Off on मूंगफली खाइए, रोग भगाइए
1 Star2 Stars3 Stars4 Stars5 Stars (No Ratings Yet)
Loading...
Both comments and pings are currently closed.

Comments are closed.

Powered by : Mediology Software Pvt Ltd.