नादौन के लॉज में मिला बंगाणा निवासी का शव !    हिस्ट्रीशीटर विकास दुबे उज्जैन से गिरफ्तार, 2 सहयोगी यूपी में मुठभेड़ में ढेर !    कोविड-19 : भारत-अमेरिका करेंगे आयुर्वेदिक दवाओं का संयुक्त क्लिनिकल परीक्षण! !    कोविड-19 : देश में एक दिन में 487 लोगों की मौत! !    विकास दुबे को जल्द ही ट्रांजिट रिमांड पर यूपी लायेगी पुलिस !    कानपुर कांड की हो सीबीआई जांच : प्रियंका !    थाईलैंड में समलैंगिक प्रेम संबंधों को मंजूरी देने वाला विधेयक पारित !    रजवाहे से मिले लापता 3 बच्चों के शव !    पीटीआई टीचरों का अर्धनग्न प्रदर्शन !    38 दिन तक कोरोना के इलाज का बिल 28 लाख !    

जुबान नहीं, कलम की ताकत दिखाएं विज : हुड्डा

Posted On November - 17 - 2019

रोहतक, 16 नवंबर (निस)
पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने हरियाणा में मंत्रिमंडल गठबंधन में देरी पर कहा कि सरकार को स्पष्ट करना चाहिए कि आखिर मंत्रिमंडल के गठन में इतनी देरी क्यो हुई। उन्होंने कहा कि सरकार बनने के 2 दिन में मंत्रिमंडल का विस्तार हो जाना चाहिए था, लेकिन प्रदेश के इतिहास में 54 साल में पहली बार ऐसा हुआ है। उन्होंने कहा कि भाजपा ने सरकार बनाने के लिए कहीं की ईंट, कहीं का रोड़ा वाली कहावत को चरितार्थ किया है। उन्होंने नयी सरकार को शुभकामनाएं दीं। हुड्डा शनिवार को अपने आवास पर पत्रकारों से बात कर रहे थे। उन्होंने गृह मंत्री अनिल विज के कर्मचारियों पर दिए बयान पर कहा कि विज जुबानी ताकत नहीं, बल्कि कलम की ताकत दिखाएं। उन्होंने कहा कि राजनीति में शून्य सोच रखने वाले व्यक्ति के बारे में वे टिप्पणी नहीं करते। विज ने गृह मंत्रालय संभालते ही कर्मचारियों से कहा था कि या तो वे काम करें या फिर वीआरएस लेकर घर चले जाएं। हुड्डा ने कहा कि कांग्रेस मजबूत विपक्ष की भूमिका निभाएगी और लोगों की हित की बात करेगी। पराली पर हुड्डा ने कहा कि सरकार पराली का स्थाई समाधान करे। उन्होंने कहा कि प्रदूषण के लिए अकेली पराली जिम्मेदार नहीं है, बल्कि उद्योग और निर्माण कार्य भी जिम्मेदार हैं। हुड्डा ने कहा कि सरकार किसानों की पराली पर एमएसपी फिक्स कर उसे खरीदे।

पराली के दाम पंजाब के बराबर मिलें
हुड्डा ने कहा कि पंजाब सरकार ढाई हजार प्रति एकड़ किसानों को दे रही है, तो हरियाणा सरकार किसानों को पराली के लिए एक हजार रुपये क्यों दे रही है। उन्होंने कहा कि पराली को कई चीजों में इस्तेमाल किया जा सकता है। उद्योग खाद व अलग-अलग कामों में पराली काम आ सकती है, इसलिए सरकार किसानों की पराली खरीदे। उन्होंने कहा कि प्रदूषण का दोष केवल किसानों पर नहीं लगाया जा सकता, इसलिए अब समय आ गया है कि सरकार पराली का स्थाई समाधान करे। हुड्डा ने कहा कि सांसद रहते हुए दीपेंद्र हुड्डा ने संसद में पराली की समस्या को लेकर आवाज उठाई थी और इसके लिए सरकार को गंभीर होना पड़ेगा। उन्होंने कहा कि पराली के अलावा भी सरकार को अन्य उपायों पर ध्यान देना चाहिए।

 


Comments Off on जुबान नहीं, कलम की ताकत दिखाएं विज : हुड्डा
1 Star2 Stars3 Stars4 Stars5 Stars (No Ratings Yet)
Loading...
Both comments and pings are currently closed.

Comments are closed.

Powered by : Mediology Software Pvt Ltd.