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इस प्यार को क्या नाम दें…

Posted On October - 19 - 2019

सिने जगत के सितारों की निजी ज़िंदगी पर नज़र डालें तो कम रोचक किस्से सामने नहीं आते। बॉलीवुड में नये-पुराने दौर के कई सहकलाकार एक-दूसरे के प्रेम में गिरफ्तार हुए , कुछ की जोड़ियां बनी रहीं, तो कुछ रिश्ते गुमनामी में खो गए। शादीशुदा ज़िंदगी से किनारा कर कुछ ने नये साथियों का दामन थामा तो कई कलाकार परिवार के साथ रहते हुए मित्रता निभाते रहते हैं।

असीम चक्रवर्ती

शायद बहुत कम लोगों को पता हो कि बेहद गुपचुप ढंग से आज भी अभिनेता सनी देओल अभिनेत्री डिंपल कपाड़िया के संपर्क में रहते हैं और बराबर उनका हालचाल पूछते रहते हैं। अभी दो-तीन साल पहले दोनों लंदन की सड़कों पर घूमते हुए दिखाई दिए थे। ऐसा कहा जाता है कि डिंपल वहां अपना इलाज कराने के लिए गई थी और सनी उनकी देखभाल करने के लिए गए थे। इस दौरान दोनों ने बहुत अच्छा समय व्यतीत किया। तब इन दोनों की कुछ निजी पलों की तस्वीरें सोशल मीडिया में खूब वायरल हुईं। एक बहुत अच्छी बात यह हुई कि संजीदा पत्रकारों ने इन खबरों को ज्यादा चटखारे लेकर नहीं लिखा। अब ऐसा होना भी नहीं चाहिए क्योंकि तीन दशक से ज्यादा होने को आए, उनके खामोश प्यार की एक अविरल धारा बह रही है। इस प्यार को कोई नाम देना एक निरर्थक सोच है। अब पहले जैसी गॉसिप भी इन रिश्तों को लेकर नहीं होती। सिर्फ सनी-डिंपल ही नहीं पूर्व और वर्तमान में देव-सुरैया, दिलीप-मधुबाला, गौहर-चंदुलाल शाह, कंगना-रितिक, संगीता-सलमान जैसी सेलिब्रिटी के प्यार के कई ऐसे किस्से मौजूद हैं।

62 के सनी, 61 की डिंपल

इन दोनों के बीच प्यार का अंकुर कब पनपा, इसे लेकर कई कहानियां मशहूर हैं। पर सच तो यह कि 1984 की स्वर्गीय नासिर हुसैन की फिल्म ‘मंजिल-मंजिल’ की शूटिंग के दौरान दोनों एक-दूसरे को चाहने लगे। इस फिल्म में एक दृश्य है, जब अनजाने में दोनों भांग पीकर अजीब-अजीब हरकतें करते हैं। 1985 की ‘अर्जुन’ में भी दोनों ने साथ काम किया। तब यह दोस्ती और मजबूत हुई। लेकिन 1989 की फिल्म ‘आग का गोला’ के बाद पहली बार ऐसा लगा कि दोनों की गहरी दोस्ती प्यार में तबदील हो चुकी है। यह बात पापा धर्मेंद्र तक पहुंची तो दोनों का साथ काम करना बंद हो गया। उनकी अंतिम रिलीज फिल्म थी, महेश भट्ट की ‘गुनाह’। इसके बाद दोनों ने भले ही साथ फिल्में न की हों, पर इनका साथ नहीं छूटा। पिता ने इस पर कई पाबंदियां लगाने की कोशिश की, पर कोई असर नहीं हुआ। फिल्म ‘बंटवारा’ में धर्मेन्द्र डिंपल के हीरो थे। सूत्र बताते हैं कि जेपी दत्ता की इस फिल्म के सेट पर पिता धर्मेन्द्र ने इस प्रसंग को लेकर डिंपल को काफी खरी-खरी सुनायी थी। जहां तक सनी का सवाल है, इस मामले में सनी ने भी अपने पिता को ही फाॅलो किया है। वह अपनी पत्नी पूजा के साथ एक सुखी गृहस्थ जीवन व्यतीत कर रहे हैं। इस रिश्ते में उन्होंने कोई दरार नहीं आने दी। बीवी पूजा देअोल ने भी अघोषित तौर पर डिंपल को कबूल कर लिया है। शायद इसलिए भी सनी-डिंपल के तीन दशक का प्यार आज भी अटूट है। मौके-बेमौके वह हमेशा डिंपल के पीछे खड़े दिखाई देते हैं। शायद बहुत कम लोगों को पता हो कि डिंपल की बेटी ट्विंकल और अभिनेता अक्षय कुमार की शादी करवाने में सनी का बड़ा हाथ था। आज भी डिंपल बीमार होती है तो उसकी तीमारदारी में सनी कोई कमी नहीं बरतते।

कंगना-ऋतिक का विवादास्पद प्यार

तीन साल पहले कंगना-ऋतिक के बीच जो बयानबाजी हुई, उसके बाद तो उनके प्यार को विवादास्पद कहना ही ठीक होगा। 2010 की ‘काइट’ के बाद इन दोनों में दोस्ती हुई। लेकिन 2013 की ‘कृष-3’ के बाद पहली बार लगा कि दोनों के बीच प्यार की खिचड़ी अच्छी तरह से पक चुकी है। दोनों की दोस्ती का बड़ा जरिया था ई-मेल। अपने व्यस्त जीवन से समय निकाल कर मिलने के अलावा दोनों मेल के जरिए गहरे तक जुड़ गए। बाद में कंगना के बयानों से साफ लगता है कि उन्होंने दिल से रितिक से गहरी मोहब्बत की है। कंगना के मुताबिक ऋतिक की ओर से भी ऐसा ही रिस्पान्स था। अब यह दीगर बात है कि अब ऋतिक इस प्यार को सिरे से खारिज कर देते हैं। कभी कंगना की बर्थ-डे पार्टी या कंगना के किसी इवेंट में वे बढ़-चढ़ कर शरीक होते थे। पर अब वह बातें बेमानी हो चुकी हैं।

संगीता को नहीं भूले सलमान

सलमान और माॅडल अभिनेत्री संगीता बिजलानी का अफेयर भी कई उतार-चढ़ावों से गुज़रा है। यह अफेयर तब शुरू हुआ जब सलमान रूपहले परदे पर दस्तक देने की तैयारी कर रहे थे और संगीता माॅडलिंग की नामचीन हस्ती थी। 1986 में दोनों ने डेटिंग शुरू की। संगीता, सलमान से उम्र में पांच साल बड़ी हैं। इनके बीच कई बार लड़ाई झगड़े हुए, फिर सुलह होने में भी देरी नही हुई। उनका रिश्ता नौ तक साल चला। 1994 में सलमान, संगीता से शादी करने का पूरा मन बना चुके थे लेकिन संगीता पीछे हट गईं। 1996 में दोनों का ब्रेकअप हो गया। फिर संगीता का अफेयर क्रिकेटर अजहरूद्दीन से हुआ। दोनों ने शादी कर ली। पर यह शादी ज्यादा दिन नहीं टिकी। इसके बाद संगीता सलमान की जिंदगी में फिर वापस आई, पर दोस्त बनकर क्योंकि तब तक सलमान की जिंदगी में नित नई प्रेमिकाओं का आगमन शुरू हो चुका था। इन दोनों के रिश्ते का सबसे अच्छा पक्ष यह है कि संगीता आज भी खान परिवार की अच्छी दोस्त है। खान परिवार के कई इवेंट में अक्सर उन्हे देखा जा सकता है।

संध्या-शांताराम की प्रेमकथा

अब ज़रा अतीत की प्रेम कहानियों पर नज़र दौडाएं। वी. शांताराम और संध्या की प्रेम कहानी उनकी क्लासिक फिल्म ‘झनक-झनक पायल बाजे’ से शुरू हुई। 34 साल छोटी संध्या से उन्होंने पहली पत्नी जयश्री को तलाक देने के बाद शादी की थी। शांताराम ने अपनी जीवनी में संध्या के बारे में लिखा है-जयश्री द्वारा मुझसे तलाक लेने के कारण जीवन में जो रिक्तता आ गई थी, उसे संध्या ने भर दिया था। वह पूरी तरह से कला साधना को समर्पित थी। उसने पैसे के पीछे न भागकर कला साधना को महत्व दिया। अभिनेत्री होते हुए भी बिल्कुल मेकअप न करने वाली, साधारण सफेद साडी में दूसरों से अलग दिखने वाली संध्या ने मेरे जीवन में कला सहचरी के रूप में कब प्रवेश किया, मुझे पता ही नहीं चला।

चंदूलाल शाह-गौहर का प्यार

किसी ज़माने के दिग्गज निर्माता और रणजीत मूवीटोन के मालिक चंदूलाल शाह और गौहर को मिलवाने वाली फिल्म का नाम ‘पति-पत्नी’ था। चंदूलाल शाह इसके निर्माता थे और गौहर अभिनेत्री। इस फिल्म के बाद ही दोनों को इस रिश्ते का सही अर्थ समझ में आया। इसीलिए विवाह की औपचारिकता न निभाते हुए भी यह जोड़ी आखिर तक एक-दूसरे के प्रति एकनिष्ठ रही। उनके देखते-देखते अनेक विवाहित कलाकारों के तलाक हुए पर विवाह बंधन में न बंधने वाली यह जोड़ी एक-दूसरे से कभी अलग नहीं हुई। अंत में यह जोड़ी टूटी तो चंदूलाल शाह की मृत्यु से ही।

दिलीप-मधुबाला का सच्चा प्यार

उस दौर में मधुबाला को चाहने वालों की कोई कमी नहीं थी। प्रेमनाथ और दिलीप कुमार दोनों ही उनके आशिक थे। पर पुराने लोगों का कहना है कि मधुबाला ने दिलीप कुमार से सच्चा प्यार किया था। प्रेमनाथ से होने वाली दुविधा के बावजूद उसका सच्चा आकर्षण दिलीप कुमार से ही था। बाद में प्रेमनाथ ने दिलीप के बारे में यह कहा कि दिलीप ने मधु के प्यार को नहीं समझा। पर यह बात भी सच है कि दिलीप ने हमेशा कहा कि वह मधु से बेपनाह मोहब्बत करते हैं, दोनों जब तक जिंदा हैं, एक-दूसरे से मोहब्बत करते रहेंगे। एक अदालती कार्यवाही के दौरान भी उन्होंने यह बात दोहराई थी।

देव की मुरीद सुरैया

अभिनेत्री सुरैया ने सच्चे दिल से देव आनंद से मोहब्बत की थी। इनके प्यार में सुरैया की दादी विलेन बन गई। दोनों ने साथ कई फिल्में की। पर जब यह राज खुला कि दोनों में गहरा प्यार है, तब इनके एक साथ फिल्में करने पर पाबंदी लगा दी गई। दादी ने देव आनंद को धमकियां देनी शुरू कर दीं। जोरदार विरोध के कारण यह प्रेम प्रकरण सफल नहीं हो सका। बाद में सुरैया ने माना कि इसके मूल में धर्म की भिन्नता थी।
उन्होंने देव से कितना गहरा प्यार किया था, यह बात तो इससे ही साबित हो जाती है कि उन्होंने ताउम्र शादी नहीं की।
पुराने दौर के फिल्म वालों की प्रेम कहानियों के ऐसे कई उदाहरण मौजूद हैं। एक बात तो तय है कि आज के दौर की तुलना में उनके प्यार में एक अजीब तरह की कशिश होती थी।


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